अमेरिकी जिला कोर्ट द्वारा ऑनलाइन सर्च इंजन मार्केट में Google को गैरकानूनी एकाधिकार के लिए दोषी पाए जाने के कुछ महीने बाद, Google ने अपने प्रतिस्पर्धा-विरोधी व्यवहार को सुधारने के लिए समाधान प्रस्तुत किए हैं।
क्या हैं Google के प्रस्तावित समाधान?
Google ने अपने ब्लॉग पोस्ट में बताया कि उसके समाधान Android फोन निर्माताओं, ब्राउज़र कंपनियों, और वायरलेस कैरियर के साथ सर्च डिस्ट्रीब्यूशन अनुबंधों को सरल बनाने पर केंद्रित हैं।
- Android डिवाइस पर बदलाव:
Google ने प्रस्ताव दिया है कि Android फोन निर्माताओं को अब Google प्ले स्टोर या अन्य Google ऐप्स को प्रीलोड करने के लिए क्रोम प्रीलोड करने की आवश्यकता नहीं होगी। - ब्राउज़र प्रतिस्पर्धा बढ़ाना:
एप्पल और मोज़िला जैसे ब्राउज़र डेवलपर्स को अलग-अलग प्लेटफॉर्म्स पर डिफॉल्ट सर्च इंजन बदलने की अनुमति दी जाएगी। - उपयोगकर्ताओं की पसंद को प्राथमिकता:
सभी ब्राउज़र उपयोगकर्ताओं को हर 12 महीने में अपना डिफॉल्ट सर्च इंजन बदलने का विकल्प दिया जाएगा।
Google का दृष्टिकोण और भविष्य की रणनीति
Google ने यह स्पष्ट किया है कि वह अमेरिकी कोर्ट के इस निर्णय के खिलाफ अपील करने की योजना बना रहा है। लेकिन, इस बीच कंपनी ने तीन वर्षों तक अपने नए प्रस्तावित प्रतिबंधों को लागू करने का सुझाव दिया है। DOJ द्वारा प्रस्तावित 10 वर्षों की तुलना में यह काफी छोटा समय है।
Also Read
कोर्ट के आदेश में यह भी उल्लेख किया गया है कि Google एप्पल को उसके सर्च इंजन मार्केट में प्रवेश करने से हतोत्साहित करता है। हालांकि, एप्पल ने अपनी मौजूदा राजस्व-साझा व्यवस्था का समर्थन करते हुए कोर्ट की सुनवाई में भाग लेने की योजना बनाई है।
Google के प्रस्तावित समाधान अमेरिकी न्याय विभाग की मांगों को कितना संतुष्ट करेंगे, यह तो कोर्ट की आगामी सुनवाई के बाद ही स्पष्ट होगा। लेकिन यह मामला तकनीकी क्षेत्र में प्रतिस्पर्धा और रेगुलेशन की दिशा में एक बड़ा मोड़ साबित हो सकता है।














